यूं तो प्रत्येक काल के लिए हमारे पास तर्क होते हैं कि यह वक्त खराब क्यों है, हालांकि हम अभी अभी बेहद बुरे समय से
कविता के शाश्वत रंग   अनन्द खत्री   आर्कीटेक्ट, दार्शनिक, ‌और कवि आनन्द खत्री ने " इक्कीस मौसम" नामक पुस्तक में कविता के विभिन्न रंग रूपों को व्याख्यायित किया
                  गौरव गुप्ता की कविताएं    छूटना   मैं उदास इसलिए नहीं रहा कि मुझे प्रेम नहीं मिला मैं उदास इसलिए रहा कि मैंने जिसको भी दिया प्रेम लगा कम ही दिया किसी का माथा
                  हरि राम मीणा   1. सबसे छोटी कविता  जो ज़मीन से नहीं जुड़े, वे ही जमीनों को ले उड़े! 2. मज़दूर पसीना पोंछते-पोछते उसने तेज कर दी / अस्थमेटिक
Percy Bysshe Shelley (4 August 1792 – 8 July 1822)अ्ग्रेजी के प्रमुख रोमान्टिक कवि माने जाते हैं। यद्यपि उन्हें अपने जन्म के समय प्रसिद्धि नहीं
              डॉ. रेखा वशिष्ट साहित्यक योगदान के लिए चन्द्रधर शर्मा गुलेरी राज्य सम्मान से सम्मानित रेखा वशिष्ट ने पंजाब विश्वविद्यालय चंडीगढ से अंग्रेजी में एम.ए. व 
मानवीय सवालों से जूझती कविता "कुरुक्षेत्र"   डॉ. रति सक्सेना     कुरुक्षेत्र, जहां अपने और परायों के बीच, सच्चाई और झूठ के बीच, जिन्दगी और मौत के बीच परिणाम
          Helge Torvund नोर्वे के समकालीन महत्वपूर्ण कवि हैं। मेरी उनसे मुलाकात रोगालैण्ड में हुई। वे कवि, आलोचक, कला -आलोचक और प्रकृति प्रेमी है, इन सब
कृत्या का कविता से विचित्र सा संबद्ध है, करोनाकाल में मानो समय ठिठक गया था, लोग कुछ भयभीत थे, देश भर के कामगार सड़क पर
      कमलादास वर्तमान कवयित्रियों में शायद कमलादास का नाम सबसे ज्यादा विवादग्रस्त रहा है। अपने वक्त से पहले चलने वाली इस कवयित्री में बला का खुलापन है